छपी-अनछपी: ट्रंप के टैरिफ से ट्रेड वॉर का खतरा, नैक रेटिंग के मामले में 20 शहरों में छापे

बिहार लोक संवाद डॉट नेट, पटना। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ की घोषणा से भारतीय निर्यातक मुश्किल महसूस कर रहे हैं और इससे ट्रेड वॉर शुरू होने का खतरा है। कॉलेज और यूनिवर्सिटियों को रैंक देने वाले ‘नैक’ के रिश्वतखोरी मामले में सीबीआई ने 20 शहरों में छापेमारी की है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने घोषणा की है कि ओल्ड टैक्स रेजीम भी जारी रहेगा।

और जानिएगा कि बिहार का पहला डबल डेकर पुल इस साल कब तक तैयार हो जाएगा।

 हिन्दुस्तान के अनुसार अमेरिका लगातार टैरिफ बढ़ा रहा है। कनाडा, मैक्सिको और चीन पर 25 शुल्क लगाए हैं। भारत को लेकर भी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप कई बार टैरिफ बढ़ाए जाने की बात कह चुके हैं। इसी बीच जानकारों का मानना है कि अगर भारत पर शुल्क लगाए जाते हैं तो इससे फार्मा, विनिर्माण और पेट्रोलियम जैसे क्षेत्रों पर असर पड़ सकता है। आर्थिक मामलों के जानकार डॉ. जगदीश का कहना है, भारत में सबसे ज्यादा असर फार्मास्यूटिकल पर देखने को मिल सकता है। अमेरिका कपड़ा और फार्मास्यूटिकल्स जैसे भारतीय निर्यातों पर अधिक शुल्क लगा सकता है।

कनाडा और मेक्सिको से आने वाली गाड़ियों की कीमत बढ़ेगी

भास्कर के अनुसार अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा लगाए गए नए टैरिफ से प्रमुख कर कंपनियों जैसे जनरल मोटर्स और शेवरेले आदि प्रभावित होंगी। ट्रंप ने कनाडा, मेक्सिको और चीन से आयातित सामान पर टैरिफ लगाने का ऐलान किया है। ऑटो कंपनियां कनाडा और मेक्सिको से हर सप्ताह अरबॉन रुपए के वाहन, इंजन और अन्य पुर्जे अमेरिका भेजती हैं। चीन से भी अरबों रुपए के ऑटोमोबाइल पार्ट आयात किए जाते हैं। ट्रंप के फैसले से अमेरिका में कारों और ट्रकों के मूल्य बढ़ेंगे।

कनाडा ने अमेरिका पर 25% जवाबी टैरिफ ठोका

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा कनाडा मेक्सिको और चीन पर टैरिफ लगाने का फैसला रविवार से लागू हो गया। इसके बाद तीनों देशों ने कड़ा विरोध जताते हुए जवाबी कार्रवाई शुरू कर दी है। कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने ऐलान किया कि हम अमेरिकी सामान पर 25% टैरिफ लगाने जा रहे हैं। ट्रूडो बोले कि हम 13.5 करोड़ रुपये मूल्य के अमेरिका से आयातितत सामान पर टैरिफ लगाएंगे। वहीं मेक्सिको की राष्ट्रपति क्लाउडिया शीनबाम ने भी अमेरिका पर टैरिफ लगाने की धमकी दी है। टैरिफ लगाने की होड़ के चलते एक्सपर्ट ट्रेड वॉर का अंदेशा जाता रहे हैं। इसका सीधा असर होड़ में शामिल देशों पर पड़ेगा लेकिन उसे बाकी देश भी प्रभावित होंगे।

नैक ग्रेडिंग के मामले में सीबीआई के छापे

‘नैक’ सदस्यों द्वारा रिश्वत लेकर शिक्षण संस्थानों को मनचाही रैंकिंग देने के मामले में सीबीआई ने रविवार को चेन्नई, बेंगलुरु, विजयवाड़ा, पलामू, संबलपुर, भोपाल, बिलासपुर, गौतम बुध नगर और दिल्ली समेत देश के 20 शहरों में छापेमारी कर 37 लाख रुपये नकद, कई लैपटॉप, आईफोन, सोने के सिक्के और दस्तावेज बरामद किए हैं। जांच एजेंसी ने शुक्रवार को इस मामले में बड़े घोटाले का पर्दाफाश करते हुए आंध्र प्रदेश के गुंटूर स्थित वड्डेसवरम में शैक्षिक संस्थान कोनेरू लक्ष्मैया एजुकेशन फाउंडेशन के पदाधिकारी, नैक की निरीक्षण समिति के अध्यक्ष व जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय के एक प्रोफेसर समेत 10 लोगों को गिरफ्तार किया था।

पुरानी टैक्स व्यवस्था जारी रहेगी

हिन्दुस्तान को दिए इंटरव्यू मैं वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा है कि नई और पुरानी आयकर व्यवस्थाएं साथ-साथ चलती रहेंगी। यानी लोगों को किसी एक व्यवस्था को अपनाने का विकल्प आगे भी मिलेगा। सीतारमण ने कहा, जिन लोगों ने पुरानी आयकर व्यवस्था को अपनाया है तथा उसके अनुरूप निवेश किए हैं, उन्हें भी पहले की तरह इसका लाभ मिलता रहेगा। पुरानी आयकर व्यवस्था को खत्म किए जाने की अटकलों को उन्होंने खारिज किया। पुरानी कर व्यवस्था में शिक्षा ऋण, आवास ऋण, बीमा प्रीमियम, स्कूल की फीस, एनपीएस जैसे मदों में निवेश पर छूट का प्रावधान है। यही कारण है कि जिन लोगों ने इनमें निवेश किया है, उनके बीच अभी भी यह लोकप्रिय है।

अयोध्या में दलित युवती की हत्या, आंख फोड़ी, हड्डी तोड़ी

भास्कर के अनुसार उत्तर प्रदेश के अयोध्या जिले में 22 वर्षीय दलित युवती का शव मिलने के बाद परिवार ने पुलिस पर निष्क्रियता का आरोप लगाया है और कहा कि गुणशुदगी की रिपोर्ट के बावजूद अधिकारियों ने सक्रियता से उसकी तलाश नहीं की। पीड़िता गुरुवार रात से लापता थी जब वह कथित तौर पर भगवान कथा में भाग लेने के लिए बाहर गई थी। परिवार के सदस्यों का दावा है कि युवती के हाथ और पैर रस्सियों से बंधे हुए थे। उसके शरीर पर गहरे घाव थे और उसका एक पैर फ्रैक्चर हो गया था। युवती की आंखें फोड़ दी गई थीं, उसकी हड्डियां तोड़ दी गई थीं।

बिहार का पहला डबल डेकर पल अप्रैल में चालू होगा

प्रभात खबर के अनुसार पटना के कारगिल चौक से एनआईटी मोड़ तक बन रहे बिहार के पहले डबल डेकर फ्लाईओवर पर अप्रैल के पहले सप्ताह से वाहनों का आवागमन शुरू हो जाएगा। इसके लिए मार्च तक इसका निर्माण कार्य पूरा हो जाएगा। कारगिल चौक से एनआईटी मोड़ के बीच 2.2 किलोमीटर तक फ्लाईओवर बनने का काम अंतिम चरण में है।

कुछ और सुर्खियां

  • मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की घोषणा- बांका के अमरपुर में मेडिकल कॉलेज अस्पताल खुलेगा
  • बिहार में इस साल 25000 किलोमीटर ग्रामीण सड़कें बनेंगी
  • तेलंगाना की 3.70 करोड़ जनसंख्या में अन्य पिछड़ा वर्ग 46.25%, मुसलमानों में पिछड़ा वर्ग 10.8%
  • जेईई मेन अप्रैल सीजन के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू, अंतिम तिथि 25 फरवरी
  • जीतन राम मांझी के लिट्टी चोखा भोज में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और राज्यपाल आरिफ खान शामिल हुए
  • कटिहार के रौतेला थाना क्षेत्र के गांव में आठवीं के छात्र ने स्कूल में चचेरे भाई को गोली मारी

अनछपी: भारतीय जनता पार्टी और आरएसएस ने जब से हिंदू धर्म का इस्तेमाल सत्ता हथियाने के लिए करना शुरू किया है तब से यह बस चल रही है कि हिंदुत्व और हिंदू धर्म में क्या अंतर है। बहुत से लोग मानते हैं कि हिंदुत्व का हिंदू धर्म से कोई संबंध नहीं और दरअसल जब हिंदू धर्म और उसके प्रतीकों का इस्तेमाल सत्ता हासिल करने के लिए होता है तो उसे हिंदुत्व समझा जाता है। अब कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और लेखक शशि थरूर ने कहा है कि हिंदुत्व केवल एक राजनीतिक हथियार है और यह हिंदू धर्म को सीमित करता है। वह कहते हैं कि उन्होंने हिंदू धर्म की जितनी किताबें पढ़ी हैं उनमें हिंदुत्व से कोई मेल नहीं है। उनका यह भी कहना है कि भाजपा का हिंदुत्व हिंदू धर्म को एक ईश्वर, एक मंदिर और एक नेता से लेकर एक देश और एक चुनाव तक में बांधता है। शशि थरूर जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल में बात कर रहे थे। उन्होंने स्वामी विवेकानंद का हवाला देते हुए कहा कि कोई शिव कहता है, कोई अल्लाह और कोई ईसा, ईश्वर एक ही है। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें राम मंदिर जाना है या नहीं यह उनकी पार्टी तय नहीं करेगी। शशि थरूर का कहना था कि वह कुंभ गए और उनकी सुरक्षा से आम लोगों को दिक्कत हो, ऐसे में वह जाना पसंद नहीं करेंगे। वैसे तो शशि थरूर ने कई और बातें कही हैं लेकिन हिंदू धर्म और हिंदुत्व को लेकर उनकी कही गई बातों पर ध्यान देने की जरूरत है। शशि थरूर ने ‘व्हाई आई ऐम अ हिंदू’ नाम की किताब भी लिखी है। भारत एक सह अस्तित्व वाला देश है यानी यहां हर धर्म के लोगों को अस्तित्व का समान अधिकार है लेकिन भारतीय जनता पार्टी और उसके नेतृत्व वाली सरकार हिंदुत्व को सरकारी धर्म बनाने पर तुली हुई है। कई बार यह एहसास होता है कि हिंदुत्व दरअसल दूसरे धर्म के लोगों को दबाने के लिए इस्तेमाल किया जाने वाला राजनीतिक नारा है। जरूरत इस बात की है कि शशि थरूर की तरह ही हिंदू समाज के लोगों के बीच हिंदू धर्म और हिंदुत्व का अंतर साफ तौर पर पता चले और सत्ता पाने के लिए धर्म का गलत इस्तेमाल और धार्मिक लामबंदी बंद हो।

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